मणिपुर के उखरुल जिले में उग्रवादियों के हमले में असम राइफल्स के दो जवानों मारे गए हैं. वहीं, अन्य घायल हुए हैं. यह जानकारी पीटीआई न्यूज एजेंसी के हवाले से अपनी रिपोर्ट में दी गई है. इसपर मणिपुर के राज्यपाल ने दुख जताया है. उन्होंने हमले की निंदा की है. वहीं, हमले के बाद मौके पर भारी सुरक्षाबल के जवान तैनात हैं. इलाके को सील कर दिया है. यहां आर्मी एक बड़ा सर्च ऑपरेशन शुरू कर सकती है.
राज्यपाल भवन से जारी बयान में कहा गया है, मणिपुर के राज्यपाल आज उखरुल में हुए हमले में असम राइफल्स के दो बहादुर जवानों की दुखद मौत से बहुत दुखी हैं. राज्यपाल हिंसा की इश कायराना हरकत की निंदा करते हैं. हमारे समाज में ऐसे हमलों को लिए कोई जगह नहीं है. ये शांति और सुरक्षा बनाए रखने के हमारे सामूहिक संकल्प को कमजोर नहीं कर सकते हैं.
🇮🇳⚡️Two Assam Rifles personnel martyred in an ambush near Nungshangkong village, Ukhrul district, Manipur.
Further details are awaited pic.twitter.com/4dgo9WOdAW
— War Flash (@WarFlash_2630) July 6, 2026
राज्यपाल ऑफिस की तरफ से कहा गया है कि राज्यपाल पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं. प्रार्थना करते हैं, उन्हें दुख की इस घड़ी में हिम्मत और साहस मिले. वह घटना में घायल हुए सभी लोगों के लिए ताकत, सहनशक्ति और जल्द ठीक होने की प्रार्थना करते हैं.
जानें क्यों बना है असम राइफल्स और स्थानीय लोगों में विवाद?
असम राइफल्स के दो जवानों की मौत की घटना कुछ हफ्ते बाद हुई है. इससे पहले यहां मणिपुर के इसी जिले में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच झड़प देखने को मिली थी. इसमें करीबन चार आम नागरिक घायल हो गए थे. झड़प की वजह थी कि इस इलाके में असम राइफल्स की एक चौकी बनाई जानी थी. जिस वजह से विवाद बना हुआ था.
गांव वालों का आरोप है कि लंबुई गांव में तैनात असम राइफल्स के लगभग 40 जवानों ने स्थानीय अधिकारियों से बिना सलाह मशविरा के न्यू हेवन में एक चौकी बनाने की कोशिश की. इसका विरोध इलाके की महिलाओं, और स्टूडेंट ग्रुप सहित स्थानीय निवासियों ने किया. इस दौरान विरोध प्रदर्शन भी देखने को मिला. असम राइफल्स के जवानों ने लाठी चार्ज किया. कई राउंड गोलियां भी चलाई, जिससे चार नागरिक घायल हो गए.



