अपने गांव पहुंचकर सोनम वांगुचक ने जारी किया पहला वीडियो, सरकार से की अपील

अपने गांव पहुंचकर सोनम वांगुचक ने जारी किया पहला वीडियो, सरकार से की अपील


जलवायु कार्यकर्ता और शिक्षाविद सोनम वांगचुक हाल ही में जंतर मंतर पर अपने प्रदर्शन को लेकर चर्चा में आए थे. उन्होंने 26 दिन की भूख हड़ताल की थी. हालांकि, सरकार के आश्वासन के बाद उन्होंने अपना धरना खत्म कर दिया था. अब उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी किया है.

इस वीडियो में उन्होंने सरकार की तरफ से वादे पूरे करने की उम्मीद जताई है. सोनम वांगचुक ने एक्स पर वीडियो शेयर करते हुए कहा है, ‘दोस्तों में मैं अपने गांव पहुंच गया हूं. मेरे पीछे डूबता सूरज और सिंधु नदी है. यहां मैं विश्राम कर रहा हूं. दोबारा उर्जा प्राप्त कर रहा हूं.’ 

स्टूडेंट पर कानूनी कार्रवाई न करें, पीड़ित परिवारों को मुआवजा भी दें

इसके अलावा उन्होंने कहा, ‘जैसा में कश्मीर से आते वक्त सरकार से कह रहा था कि अनशन तोड़ते वक्त जो लिखित वादे किए गए थे, उन्हें पूरा करें. प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कानूनी कार्रवाई न करें. उसी तरफ में याद दिलाना चाहूंगा उन छात्रों का जिन्होंने आत्महत्या की थी. उनके घर परिवारों को मुआवजा देने का. अब उसका भी वक्त आ गया है. हर चीज जो वक्त पर पूरी हो, उसकी कीमत होती है. तो मैं यह याद दिलाना चाहूंगा.’

‘हमें भक्त नहीं बनना है, गलत को गलत, सही को सही कहना है’

वांगचुक ने कहा, ‘साथ ही साथ मैं यह कहना चाहूंगा कि मैं कह रहा था कि मुझे कितना गर्व है कि रेलवे के इंजीनियरिंग प्रोजेक्ट पर. जो कश्मीर तक बनाने में लगे हैं. इस पर भी कुछ लोग नाराज थे, कि मैं सरकार की तारीफ क्यों कर रहा हूं. क्या हम इतने तंग नजर हो चुके हैं, क्या कोई विभाग, जैसे इसरो मंगल ग्रह पर एस्ट्रोनॉट उतारे तो क्या हम उनकी भी प्रशंसा नहीं करेंगे. यह भारतीय रेल है. भारत की रेल सेवा है. कितने इंजीनियर और अफसरों ने मिलकर यह रेल लाइन बिछाई है. कृपया दिमाग को जरा खोले रखिए. चाहें पक्ष हो या विपक्ष हो. यह देश हमको मिलकर बनाना है. आपको भक्त नहीं बनना है. गलत को गलत कहना है. सही को सही कहना है.’