Omar Abdullah Said On Jammu Kashmir Situation Before Supreme Court Decision On Article 370 | आर्टिकल 370 पर ‘सुप्रीम’ फैसले से पहले उमर अबदुल्ला बोले

Omar Abdullah Said On Jammu Kashmir Situation Before Supreme Court Decision On Article 370 | आर्टिकल 370 पर ‘सुप्रीम’ फैसले से पहले उमर अबदुल्ला बोले


Omar Abdullah Said on Article 370: अनुच्छेद 370 पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने कहा, “जब हम 2019 में सुप्रीम कोर्ट में गए थे तब न्याय की उम्मीद लेकर गए थे, आज भी हमारे जज्बात वही हैं. हमें इस दिन का बेसब्री से इंतजार था. सोमवार (11 दिसंबर) को जज अपना फैसला सुनाएंगे, हमें इंसाफ की उम्मीद है.”

उन्होंने रविवार (10 दिसंबर) को कहा कि उनकी पार्टी जम्मू-कश्मीर के लोगों के अधिकारों की बहाली के लिए संविधान के अनुरूप शांतिपूर्ण तरीके से लड़ाई जारी रखेगी. अब्दुल्ला ने कहा कि संविधान के अनुच्छेद-370 के प्रावधानों को निरस्त करने को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट के प्रतिकूल फैसले की स्थिति में भी उनकी पार्टी जम्मू-कश्मीर में शांति भंग नहीं करेगी. 

उमर अबदुल्ला बोले- ‘हमें हालात बिगाड़ने होते तो…’

उन्होंने कहा, ‘‘सुप्रीम कोर्ट को फैसला देना है, फैसला देने दीजिए. अगर हमें स्थिति बिगाड़नी होती तो हमने 2019 के बाद ही ऐसा किया होता. हालांकि, हमने तब भी कहा था और अब भी दोहराते हैं कि हमारी लड़ाई शांतिपूर्ण तरीके से संविधान के अनुरूप होगी. हम अपने अधिकारों की रक्षा और अपनी पहचान को सुरक्षित रखने के लिए संविधान और कानून की मदद ले रहे हैं.’’ 

11 दिसंबर को आएगा फैसला

अब्दुल्ला ने बारामूला जिले के राफियाबाद में एक पार्टी सम्मेलन में पूछा, ‘‘इसमें गलत क्या है? क्या हमें लोकतंत्र में यह कहने का अधिकार नहीं है? क्या हम लोकतंत्र में आपत्ति नहीं जता सकते? अगर दूसरे लोग बात कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं?’’ सुप्रीम कोर्ट को अनुच्छेद-370 के प्रावधानों को निरस्त करने को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सोमवार (11 दिसंबर) को अपना फैसला सुनाना है. 

उमर अब्दुल्ला ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना

केंद्र सरकार ने 5 अगस्त, 2019 को जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद-370 के प्रावधानों को निरस्त कर और पूर्ववर्ती राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित कर दिया था. उमर अब्दुल्ला ने कहा कि उनकी पार्टी के नेताओं को शनिवार (9 दिसंबर) की रात से पुलिस थानों में बुलाया जा रहा है और डराया जा रहा है.

उन्होंने कहा कि नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेताओं पर अंकुश लगाने का कोई औचित्य नहीं है, क्योंकि वे हमेशा से शांति के समर्थक रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस को क्षेत्र के लोगों पर भरोसा करना चाहिए, क्योंकि कोई भी जम्मू-कश्मीर में शांति भंग नहीं करना चाहता.

ये भी पढ़ें: कांग्रेस MP धीरज साहू के ठिकानों से निकला ‘कुबेर का खजाना’, बीजेपी ने राहुल गांधी पर कसा तंज, कहा- राजपरिवार के नाम पर नहीं होगा शोषण