Lucknow Fire: कोचिंग सेंटर में 15 स्टूडेंट्स की मौत पर आया राहुल गांधी का रिएक्शन, जानें क्या कहा? | lucknow coaching centre fire rahul gandhi mayawati yogi adityanath

Lucknow Fire: कोचिंग सेंटर में 15 स्टूडेंट्स की मौत पर आया राहुल गांधी का रिएक्शन, जानें क्या कहा? | lucknow coaching centre fire rahul gandhi mayawati yogi adityanath


लखनऊ के अलीगंज स्थित कोचिंग सेंटर और लाइब्रेरी में हुए भीषण अग्निकांड ने पूरे देश को झकझोर दिया है. हादसे में कई लोगों की मौत और अनेक के घायल होने की खबर सामने आने के बाद राजनीतिक नेतृत्व से लेकर आम नागरिकों तक हर कोई स्तब्ध है.

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया. राहुल गांधी ने कहा, “लखनऊ के कोचिंग सेंटर में आग लगने के हादसे में कई लोगों की मृत्यु और कई अन्य के घायल होने का समाचार अत्यंत पीड़ादायक है. सभी शोकाकुल परिवारों को अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की आशा करता हूं.”

लखनऊ अग्निकांड पर मायावती ने जताया दुख

लखनऊ के कोचिंग सेंटर में हुए भीषण अग्निकांड पर बसपा प्रमुख मायावती ने गहरा दुख व्यक्त किया है. उन्होंने कहा कि यह हादसा दिल दहला देने वाला है और कई परिवारों की उम्मीदों को बिखेर गया है. मायावती ने कहा कि ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा, सिर्फ आरोप-प्रत्यारोप से काम नहीं चलेगा.

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दौरा बीच में छोड़ लखनऊ पहुंचे सीएम

घटना की खबर मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपना अलीगढ़ दौरा बीच में ही रद्द कर दिया. वह वहां लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल थे. संबोधन के दौरान ही उन्हें हादसे की सूचना मिली. मुख्यमंत्री ने लोगों से कहा, “मेरी इच्छा थी कि यहीं रहूं. लेकिन अभी-अभी जानकारी मिली है कि लखनऊ में एक दुर्घटना हुई है और कुछ बच्चे अग्निकांड की चपेट में आए हैं. इसमें कुछ बच्चों की दुखद मौत हो गई है. प्रशासन राहत कार्यों में लगा है. मुझे भी इस दुखद घटना के कारण तत्काल वापस लखनऊ जाना पड़ रहा है.”

मुख्यमंत्री ने घायलों के समुचित इलाज के निर्देश दिए और पुलिस महानिदेशक तथा अपर मुख्य सचिव गृह को तत्काल मौके पर पहुंचकर विस्तृत रिपोर्ट देने को कहा. उन्होंने कहा कि दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.

देर से आई मदद- प्रत्यक्षदर्शी

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिला. ऊपर की मंजिलों पर फंसे युवाओं ने जान बचाने के लिए खिड़कियों के शीशे तोड़े. कुछ ने नीचे खड़े लोगों की मदद से छलांग लगाई तो कुछ ने अपनी जान जोखिम में डालकर इमारत से बाहर निकलने की कोशिश की.

स्थानीय लोगों का दावा है कि आग लगने के बाद काफी देर तक राहत नहीं पहुंची. एक चश्मदीद ने बताया कि फायर ब्रिगेड को सूचना दे दी गई थी, लेकिन दमकल की गाड़ियां करीब आधे घंटे बाद मौके पर पहुंचीं. तब तक आग पेट शॉप और ऊपर बने गेमिंग जोन को पूरी तरह अपनी चपेट में ले चुकी थी.

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