Exclusive: लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के लिए विपक्ष ने दिया नोटिस, कर दी इतनी बड़ी गलती

Exclusive: लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के लिए विपक्ष ने दिया नोटिस, कर दी इतनी बड़ी गलती


Show Quick Read

Key points generated by AI, verified by newsroom

संसद के बजट सत्र के दौरान विपक्ष ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की पूरी तैयारी कर ली है. विपक्ष ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए नोटिस भी दिया है, लेकिन इस नोटिस में विपक्ष ने बड़ी गलती कर दी है. विपक्ष की ओर से अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए जो नोटिस दिया गया है, उसमें दिए तारीख में साल 2026 की जगह पर साल 2025 लिख दिया गया है.

एबीपी न्यूज के पास विपक्ष की ओर से ओम बिरला को लोकसभा स्पीकर के पद से हटाने के लिए दिए गए नोटिस की एक्सक्लूसिव कॉपी है, जिसमें तारीख लिखने में हुई गलती स्पष्ट रूप से नजर आ रही है. ऐसे में यह भी साल है कि विपक्ष की ओर से दिया गया अब सीधे तौर पर रिजेक्ट हो जाएगा.

राहुल गांधी ने विपक्षी नेताओं के साथ की बैठक

दरअसल, विपक्षी सांसदों का आरोप है कि लोकसभा स्पीकर ओम बिरला सदन में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को बोलने नहीं दे रहे. ऐसे में अगर यह रवैया बना रहा, तो वे लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाएंगे. विपक्ष के नेताओं ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के साथ एक बैठक कर इस बारे में फैसला लिया.

Exclusive: लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के लिए विपक्ष ने दिया नोटिस, कर दी इतनी बड़ी गलती

सूत्रों के मुताबिक, नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ हुई बैठक में सभी विपक्षी दलों ने लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात पर सहमति जताई थी, जिसके बाद लोकसभा महासचिव को अविश्वास प्रस्ताव के लिए नोटिस सौंपना था, लेकिन विपक्ष ने जो नोटिस सौंपा, उसमें बड़ी गलती सामने आ गई है.

संसद में सत्तापक्ष और विपक्ष में चल रही तीखी तकरार

उल्लेखनीय है कि संसद के बजट सत्र के दौरान सत्तापक्ष और विपक्ष में तीखी तकरार शुरू से ही जारी है. विपक्षी दल मनरेगा, वीबी-जी राम जी कानून, भारत और अमेरिका के बीच हुए व्यापार समझौता समेत कई मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार को घेरने की कोशिश कर रहे हैं. इस दौरान संसद के दोनों सदनों लोकसभा और राज्यसभा में लगातार सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बयानबाजी हो रही है. वहीं, कई बार विपक्ष के प्रदर्शन और नारेबाजी के सदन की कार्यवाही को स्थगित भी किया जा चुका है.