सिंधु जल संधि: पाकिस्तान के हाथ काट देने वाले बयान पर भारत का करारा जवाब, MEA बोला- सीमा पार आतंकवाद…

सिंधु जल संधि: पाकिस्तान के हाथ काट देने वाले बयान पर भारत का करारा जवाब, MEA बोला- सीमा पार आतंकवाद…


सिंधु जल संधि पर भारत ने शुक्रवार (3 जुलाई 2026) को पाकिस्तान की धमकियों का करारा जवाब दिया है. विदेश मंत्रालय ने दो टूक कहा है कि सिंधु जल संधि पर भारत का रुख हमेशा एक जैसा रहा है. MEA प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पाकिस्तान लगातार सीमा पार आंतकवाद का समर्थन करता है और उसे बढ़ावा देता है इसलिए यह संधि फिलहाल स्थगित है.

पाकिस्तान की चेतावनी को भारत ने दिया जवाब

विदेश मंत्रालय की यह प्रतिक्रिया तब आई है जब इस हफ्ते की शुरुआत में एक पाकिस्तानी मंत्री ने संधि को लेकर भारत को चेतावनी दी थी. पाकिस्तान ने कहा था कि इस्लामाबाद उन लोगों के हाथ काट देगा जो सिंधु नदी के पानी पर नियंत्रण करने की कोशिश कर रहे हैं. पाकिस्तान के क्लाइमेट चेंज मंत्री मुसादिक मलिक ने कहा, ‘पड़ोसी देश (भारत) के प्रधानमंत्री के हाथ में एक नल का कंट्रोल है और वे कहते हैं कि वे पाकिस्तान में पानी की एक बूंद भी नहीं जाने देंगे. अगर किसी ने पाकिस्तान के हिस्से के पानी पर हाथ डाला या उसे रोकने की कोशिश की तो वे उसका हाथ काट देंगे.’

इलाके की शांति का खतरा: इशाक डार

इस बयान से पहले पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने भी चेतावनी दी थी. अप्रैल 2025 में हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद से सिंधु जल समझौता सस्पेंड है. इस पर इशाक डार ने कहा कि अगर भारत इस समझौते के तहत पाकिस्तान के हिस्से का पानी रोकने की कोशिश करता है तो ये पानी का हथियार के रूप में इस्तेमाल करना होगा. उन्होंने चेतावनी दी कि इसके गंभीर नतीजे हो सकते हैं और इससे इलाके की शांति को खतरा हो सकता है.

इशाक डार ने कहा, ‘कोई भी पक्ष एकतरफा तौर पर ऐसी संधि के तहत अपनी जिम्मेदारियों को सस्पेंड या समाप्त नहीं कर सकता, जिसमें ऐसा कोई प्रावधान न हो. बातचीत और अंतरराष्ट्रीय कानून के सम्मान के आधार पर देशों के बीच एक सेतु बने रहने चाहिए, ताकि वर्तमान और भविष्य की पीढ़ियों का भला हो सके.’

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