Complaint Against Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के लिए सत्ता गंवाने के बाद मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं. एक ओर जहां पार्टी के भीतर समर्थन कमजोर पड़ रहा है, वहीं अब उनके खिलाफ कानूनी विवाद भी सामने आने लगे हैं.
मुश्किल में ममता बनर्जी
ताजा मामला सिलिगुड़ी का है, जहां एक वकील रिंकी चटर्जी सिंह ने साइबर थाने में उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है. शिकायत में आरोप लगाया गया है कि ममता बनर्जी ने सनातन धर्म के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की है.
हालांकि, इस मामले में अभी जांच की प्रक्रिया जारी है और पुलिस की ओर से आधिकारिक तौर पर कोई अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है. यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और इस शिकायत पर आगे क्या कार्रवाई होती है.
जून में इंडिया गठबंधन की बैठक
पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री Mamata Banerjee ने रविवार को कहा कि विपक्षी गठबंधन INDIA Alliance (इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव अलायंस) के सदस्य जून के पहले सप्ताह में एक संयुक्त रणनीति पर चर्चा करने के लिए बैठक कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि विपक्षी दल लंबी राजनीतिक लड़ाई के लिए तैयार हैं. ममता बनर्जी ने ‘फेसबुक लाइव’ संबोधन में कहा, “हम लड़ने के लिए तैयार हैं और अंत तक हार नहीं मानेंगे.”
इस दौरान उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधते हुए बड़े पैमाने पर चुनावी धांधली के आरोप लगाए. उनका दावा था कि करीब 150 विधानसभा सीटों पर उनकी पार्टी के पक्ष में आए नतीजों को पलट दिया गया. उन्होंने कहा, “जीती हुई सीटों को हारी हुई और हारी हुई सीटों को जीती हुई सीटों में बदल दिया गया। अगर ऐसा नहीं होता, तो तृणमूल कांग्रेस को 220 से 230 सीटें मिलतीं.”
हालांकि, भाजपा ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ममता बनर्जी हार को स्वीकार नहीं कर पा रही हैं और साजिश के सिद्धांतों के जरिए उसे सही ठहराने की कोशिश कर रही हैं. भाजपा नेता केया घोष ने सवाल उठाया कि जब 2011, 2016 और 2021 के चुनावों को वैध माना गया था, तो अब चुनाव प्रक्रिया पर सवाल क्यों उठाए जा रहे हैं.
ममता बनर्जी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान पर भी सवाल उठाते हुए दावा किया कि शुरुआत में लगभग 60 लाख नाम हटाए गए थे, जो बाद में आंशिक रूप से बहाल किए गए. उन्होंने आरोप लगाया कि पूरी चुनाव प्रक्रिया में अनियमितताएं हुई हैं. उन्होंने यह भी कहा कि जिन निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव प्रक्रिया को लेकर संदेह है, वहां उनकी पार्टी कानूनी रास्ता अपनाएगी.
ये भी पढ़ें: जम्मू-कश्मीर पर बयान देने वाले चीन-पाकिस्तान को भारत की लताड़, CPEC पर दिखाया आईना



