Uttarkashi Tunnel Rescue Operartion: उत्तराखंड के उत्तरकाशी में सुरंग में फंसे सभी मजदूरों को सही-सलामत बाहर निकाल लिया गया. इसके लिए पिछले 17 दिन से रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा था. अभियान की सफलता के बाद राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) केक काट कर जश्न मनाया.
उत्तरकाशी सुरंग से सभी श्रमिकों को सफलतापूर्वक निकालने पर एनडीआरएफ के डीआइजी मोहसिन शाहिदी ने कहा, ”फंसे हुए 41 मजदूरों को बचाना अपने आप में एक चुनौती थी. अंतिम चरण में यह एनडीआरएफ और एसडीआरएफ का एक संयुक्त अभियान था. इसमें कई एजेंसियां शामिल थीं.”
‘चुनौतियों का सामना करने के लिए हमेशा तैयार’
वहीं, मजदूरों को सफलतापूर्वक निकालने पर एनडीआरएफ के सुरेश कुमार दराल ने न्यूज एजेंसी एएनआई से कहा, “हमारे अधिकारी इस तरह की चुनौतियों का सामना करने के लिए हमेशा तैयार रहते हैं. यह हमारे देश के इतिहास में सबसे बड़े ऑपरेशनों में से एक था.”
‘हमेशा याद रहेगा यह दिन’
एनडीआरएफ के कर्मचारी डॉ शैलेश कुमार चौधरी ने कहा, “मजदूरों को सफलतापूर्वक बाहर निकालने के लिए मैं सभी को बधाई देना चाहता हूं. मैं जब भी अपना जन्मदिन मनाऊंगा, मुझे यह दृश्य और यह बचाव अभियान याद आएगा.” गौरतलब है कि 28 नवंबर को चौधरी का जन्मदिन होता है.
#WATCH | Uttarkashi tunnel rescue | NDRF personnel engaged within the rescue operation start celebration because the 41 employees trapped contained in the Silkyara tunnel had been efficiently rescued. pic.twitter.com/ZxIxAskZ5U
— ANI (@ANI) November 28, 2023
‘मजदूरों को मनोबल बढ़ाने की कोशिश की’
एनडीआरएफ के एक अन्य कर्मचारी सचिन का कहना है, “हमने अंदर फंसे सभी मजदूरों को बाहर निकाला. अंदर घुसने के बाद हमने उनका मनोबल बढ़ाने की कोशिश की.” एनडीआरएफ के अलावा सुरंग से बचाए गए श्रमिकों में से एक विशाल के घर वालों ने भी जश्न मनाया.
इससे पहले उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और केंद्रीय गृह राज्य मंत्री जनरल (रिटायर्ड) वीके सिंह मौके पर श्रमिकों के स्वागत के लिए पहुंचे. जैसे ही श्रमिक बाहर आने शुरू हुए, सीएम धामी ने उन्हें माला पहनाकर और शॉल ओढ़ाकर स्वागत किया. इतना ही उन्होंने मजदूरों को गले भी लगाया.
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