दिल्ली हाई कोर्ट से सलमान खान को फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है। कोर्ट ने फिल्म के टाइटल पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार कर दिया है। 20 जून के इस आदेश के बाद मेकर्स अपना काम जारी रख सकते हैं। अब इस मामले की अगली सुनवाई जुलाई में होगी, जिससे कानूनी पलड़ा फिलहाल प्रोडक्शन हाउस की तरफ झुकता नजर आ रहा है। सलमान का दावा है कि फिल्म का यह टाइटल उनके ‘पर्सनैलिटी राइट्स’ का उल्लंघन करता है।

इस फैसले के बाद मेकर्स इस वीकेंड अपनी प्रमोशन स्ट्रैटेजी के साथ आगे बढ़ सकते हैं। नए ट्रेलर या पोस्टर रिलीज करने पर फिलहाल कोई पाबंदी नहीं है। आज से डिजिटल मार्केटिंग कैंपेन में भी तेजी देखने को मिल सकती है। सलमान की लीगल टीम ने दलील दी थी कि इस टाइटल से उनकी इमेज को नुकसान पहुंच रहा है, लेकिन कोर्ट अब जुलाई में इस मामले की गहराई से जांच करेगा।
| एक्टिविटी | मौजूदा स्टेटस |
|---|---|
| अंतरिम रोक | कोर्ट ने इनकार किया |
| ट्रेलर रिलीज | फिलहाल इजाजत है |
| कास्ट इंटरव्यू | बिना रोक-टोक जारी रह सकते हैं |
| अगली सुनवाई | जुलाई में तय है |
दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के बाद ‘काला हिरण’ की प्रमोशन स्ट्रैटेजी
कोर्ट के इस फैसले से मेकर्स को डिजिटल बज क्रिएट करने का एक बड़ा मौका मिल गया है। सोशल मीडिया पर जल्द ही नए इंटरव्यू और क्लिप्स देखने को मिल सकते हैं। फिलहाल मेकर्स इस टाइटल का इस्तेमाल करने के लिए स्वतंत्र हैं। जानकारों का मानना है कि जुलाई की सुनवाई से पहले मार्केटिंग में काफी तेजी आएगी ताकि दर्शकों के बीच पकड़ मजबूत की जा सके। साथ ही, यह मामला पर्सनैलिटी राइट्स की सीमाओं को भी परख रहा है।
सलमान खान ‘काला हिरण’ केस: क्या हैं कानूनी दलीलें?
यह कानूनी लड़ाई ‘फ्रीडम ऑफ स्पीच’ और ‘प्राइवेसी राइट्स’ के बीच है। सलमान अपने नाम और पहचान का कमर्शियल इस्तेमाल रोकना चाहते हैं, वहीं मेकर्स अपनी क्रिएटिव आजादी और कहानी कहने के हक की बात कर रहे हैं। फिल्म इंडस्ट्री में इस विवाद की काफी चर्चा है। हर किसी की नजर इस पर है कि कोर्ट इन दोनों अधिकारों के बीच कैसे तालमेल बिठाता है। इस केस का फैसला भविष्य में भारतीय मनोरंजन जगत के कई प्रोजेक्ट्स पर बड़ा असर डालेगा।
सोशल मीडिया पर भी इस अदालती अपडेट को लेकर बहस छिड़ गई है। कुछ फैंस सलमान के सपोर्ट में हैं, तो कुछ मेकर्स का बचाव कर रहे हैं। जुलाई में होने वाली सुनवाई दोनों पक्षों के लिए टर्निंग पॉइंट साबित होगी। तब तक मेकर्स पब्लिक के बीच अपनी एक्टिविटी जारी रख सकते हैं। यह मामला भारत में सेलिब्रिटी स्टेटस से जुड़ी पेचीदगियों को भी उजागर करता है और वीकेंड पर एंटरटेनमेंट न्यूज में टॉप ट्रेंड बना हुआ है।



