जम्मू-कश्मीर में बाढ़ संकट के बीच अमित शाह का बड़ा एक्शन! LG और CM से ली जानकारी

जम्मू-कश्मीर में बाढ़ संकट के बीच अमित शाह का बड़ा एक्शन! LG और CM से ली जानकारी


केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में भारी बारिश के बाद पैदा हुए बाढ़ की स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से फोन पर बातचीत कर हालात की डिटेल जानकारी हासिल की. राजौरी जिले में रात भर हुई तेज बारिश के कारण कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है. इसके चलते जनजीवन प्रभावित हुआ है और प्रशासन राहत एवं बचाव कार्यों में जुटा हुआ है. गृह मंत्री अमित शाह ने प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए अधिकारियों को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए.

जम्मू-कश्मीर के राजौरी और पुंछ जिलों में रात भर हुई मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचा दी है. रात करीब एक बजे शुरू हुई तेज बारिश के बाद कई इलाकों में अचानक बाढ़ आ गई, जिससे जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया. बाढ़ और भूस्खलन के कारण कई लोगों की जान चली गई, दर्जनों गाड़ियां बर्बाद हो गई और कई परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है.

 ये भी पढ़ें: सपा के बागी सांसदों को सर्वदलीय बैठक में बुलाने पर भड़का विपक्ष, पहले किया वॉकआउट, फिर हुआ शामिल

दरहाली नदी में आई बाढ़

अधिकारियों के अनुसार, राजौरी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने के बाद उसका पानी बेला कॉलोनी में घुस गया. देखते ही देखते पूरा इलाका पानी में डूब गया. बेला बस स्टैंड पर खड़ी कई गाड़ियां तेज बहाव में बह गईं. कई घरों में पानी भर गया और लोग अपने घरों में फंस गए. बेला कॉलोनी और आसपास के इलाकों में पशुधन के नुकसान की भी खबरें सामने आई हैं. दरहाली नदी में आई बाढ़ ने राजौरी के बेला क्षेत्र में भारी नुकसान पहुंचाया है. इलाके के पार्क, बस स्टैंड और अन्य सार्वजनिक स्थानों को नुकसान हुआ है. वहीं थन्ना मंडी सब-डिविजन के चुरुंग, राजधानी और बेहरोट क्षेत्र भी अचानक आई बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं. बेहरोट स्थित एक क्रशर यूनिट में काम कर रहे कुछ मजदूरों के फंसे होने की सूचना भी मिली है.

बादल फटने की घटनाएं सामने आई

मंजाकोट तहसील के कोटली कलाबन और गोलिनारी क्षेत्रों में बादल फटने की घटनाएं सामने आई हैं. इसके बाद आई तेज बाढ़ में स्थानीय कब्रिस्तान पूरी तरह बह गया और कई कब्रें नष्ट हो गईं. इस घटना से स्थानीय लोगों में गहरा दुख और चिंता का माहौल है. बाढ़ के कारण कई स्थानों पर वाहन डूब गए और अनेक इमारतों को नुकसान पहुंचा है. भारत मौसम विज्ञान विभाग ने एक दिन पहले ही भारी से बहुत भारी बारिश और अचानक बाढ़ की संभावना को लेकर चेतावनी जारी की थी. प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव दल भेज दिए हैं. अधिकारियों ने निचले इलाकों और जलाशयों के आसपास रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है.

 ये भी पढ़ें: सोनम वांगचुक अस्पताल में, CJP ने 20 जुलाई को किया मार्च का ऐलान, आगे क्या होगा, एक्सपर्ट्स ने बताया